डॉ. सुदाम खाड़े की सीएम सचिवालय में एंट्री, सीएम के भरोसेमंद चेहरे को मिली बड़ी कमान

भोपाल। प्रदेश के नए मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल के पदभार ग्रहण करने के महज 24 घंटे के भीतर मध्य प्रदेश सरकार ने प्रशासनिक व्यवस्था में बड़ा फेरबदल किया है। शुक्रवार आधी रात को जारी आदेश के तहत 20 वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए गएए जिनमें 6 जिलों के कलेक्टर भी शामिल हैं।
इस पूरी प्रशासनिक सर्जरी में सबसे बड़ा और महत्वपूर्ण चेहरा डॉ. सुदाम पी. खाड़े का उभरकर सामने आया है। इंदौर के संभागायुक्त के रूप में अपने उत्कृष्ट कार्यों और प्रशासनिक पकड़ का लोहा मनवाने वाले डॉ. खाड़े को अब मुख्यमंत्री सचिवालय में सचिव की बेहद अहम और जिम्मेदारी भरी कमान सौंपी गई है।
इंदौर में छोड़ी छाप, फिर सीएम के संकटमोचक बनेंगे
डॉ. सुदाम खाड़े को मुख्यमंत्री सचिवालय में लाना इस बात का स्पष्ट संकेत है कि सरकार में उनका कद और भरोसा किस हद तक बढ़ा है। इंदौर संभागायुक्त रहते हुए डॉ. खाड़े ने जनहित के फैसलों, प्रशासनिक कसावट और विकास कार्यों की गति को जिस कुशलता से संभाला, उसी का परिणाम है कि उन्हें राज्य के सबसे पावरफुल दफ्तर यानी सीएम सचिवालय में फिर से जिम्मेदारी मिली है।
इन 6 जिलों में नए कप्तानों की तैनाती
शासन ने प्रशासनिक कसावट लाते हुए छह जिलों के कलेक्टर बदल दिए हैं।
रतलाम: यूसीसी ड्राफ्ट तैयार करने वाले अपर सचिव अजय कटेसरिया को मिली जिले की कमान।
शहडोल: मिशा सिंह नई कलेक्टर बनीं।
अनूपपुर: रत्नाकर झा को जिम्मेदारी सौंपी गई।
खरगोन: गुरु प्रसाद नए कलेक्टर बने निवर्तमान कलेक्टर भव्या मित्तल के 2 साल की स्टडी लीव पर जाने के कारण।
मंदसौर: दिव्यांक सिंह को नया कलेक्टर बनाया गया।
आगर मालवा: डॉ. शेर सिंह मीना को कलेक्टर पद की कमान मिली।
यूसीसी और पदोन्नति नियम बनाने वाले कटेसरिया को रतलाम का इनाम
सामान्य प्रशासन विभाग के अपर सचिव अजय कटेसरिया को रतलाम कलेक्टर बनाया गया है। कटेसरिया ने 10 साल से बंद पड़ी पदोन्नति प्रक्रिया के लिए पदोन्नति नियम.2025 तैयार किया था। इसके अलावा मुख्यमंत्री की सर्वााधिक प्राथमिकता वाली समान नागरिक संहिता यूसीसी का ड्राफ्ट तैयार करने में भी उनकी अहम भूमिका रही, जिसका इनाम सरकार ने उन्हें कलेक्टर बनाकर दिया है।



