आम जनता के बीच पहुंचे विधायक सुदेश राय, भाभी जी ने किया मोल-भाव, विधायक जी ने चुकाई पूरी कीमत

सीहोर। दीपावली महापर्व के पावन अवसर पर इस बार सीहोर के मुख्य बाजारों में एक खूबसूरत नजारा देखने को मिला, जब क्षेत्र के विधायक सुदेश राय, उनकी धर्मपत्नी एवं समाजसेविका अरुणा राय और बेटी अनुष्का राय के साथ आम नागरिकों की तरह पैदल खरीदारी करने बाजार पहुंचे।
इस दौरान वीआईपी कल्चर से दूर एक आम परिवार की तरह उन्होंने स्थानीय दुकानदारों से खुलकर बातचीत की, वोकल फॉर लोकल का जोरदार संदेश दिया और साथ ही जनता के बीच रहकर दीपोत्सव की खुशियां बांटीं।
अटल बिहारी वाजपेयी चौराहे से शुरू हुआ पैदल सफर
विधायक सुदेश राय अपने परिवार के साथ अटल बिहारी वाजपेयी चौराहा से पैदल ही मुख्य बाजार की ओर रवाना हुए। उनके साथ कदम से कदम मिलाकर चलने वाले इस सादगी भरे अंदाज को देखकर शहरवासियों और व्यापारियों में भारी उत्साह देखा गया। उन्होंने मेन रोड, बड़ा बाजार, चरखा लाइन, सराफा बाजार, गांधी रोड, नमक चौराहा, सब्जी मंडी और फल बाजार सहित शहर के तमाम प्रमुख व्यापारिक केंद्रों का पैदल भ्रमण किया। अचानक अपने जनप्रतिनिधि को इस तरह आम खरीदारों की भीड़ के बीच पाकर छोटे-छोटे दुकानदारों के चेहरे खिल उठे।
भाभी जी ने किया मोल-भाव, विधायक जी ने चुकाई कीमत
बाजार भ्रमण के दौरान विधायक परिवार का हर सदस्य खरीदारी में पूरी तरह डूबा नजर आया। समाजसेविका अरुणा राय ने एक आम गृहिणी की भूमिका निभाते हुए पारंपरिक अंदाज में दुकानदारों से मोल-भाव किया और मिट्टी के सुंदर दीये, मां लक्ष्मी-गणेश जी की मूर्तियां और अन्य सजावटी सामग्री खरीदी।
बिटिया अनुष्का राय ने विशेष तौर पर फुटपाथ पर दुकान सजाकर बैठे छोटे और जरूरतमंद दुकानदारों के पास रुककर रंगोली के रंग व अन्य पूजन सामग्री की खरीदारी की।
विधायक सुदेश राय ने एक दुकान से नए कपड़ों की खरीदारी की। कई दुकानदारों ने जनप्रतिनिधि होने के नाते स्नेहवश पैसे लेने से इनकार करना चाहा, लेकिन विधायक सुदेश राय ने जिम्मेदार नागरिक का परिचय देते हुए सभी दुकानदारों को उनकी वस्तुओं की पूरी कीमत का नगद भुगतान किया।
बच्चों को बांटी मिठाइयां, सुनीं समस्याएं
बाजार में घूमते हुए विधायक परिवार ने न सिर्फ खरीदारी की, बल्कि वहां मौजूद छोटे-छोटे बच्चों को दुलारकर उन्हें उपहार और मिठाइयां भी बांटीं। इस दौरान उन्होंने दुकानदारों और दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों से आए ग्राहकों से मिलकर बाजार के हालचाल जाने, व्यापार की स्थिति समझी और उनकी समस्याओं पर सौहार्दपूर्ण चर्चा की।
वोकल फॉर लोकल का मजबूत संदेश
अपनी इस सहज और जनहितैषी यात्रा के माध्यम से विधायक परिवार ने सीहोर की जनता को स्वदेशी अपनाने और स्थानीय कुम्हारों, बुनकरों तथा छोटे व्यापारियों से ही सामान खरीदने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि हमारे त्योहारों की असली रौनक तभी है जब हमारे आसपास के छोटे व्यापारी और कारीगर भी आर्थिक रूप से सशक्त और प्रसन्न हों।



