इमरान प्रतापगढ़ी का भाजपा पर हमला: लोकतंत्र बचाओ नहीं, लोकतंत्र बचाओ लेकिन भाजपा सरकार से… होना चाहिए नारा

भोपाल। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री स्व. अर्जुन सिंह की जयंती के अवसर पर राजधानी भोपाल स्थित सेंट्रल लाइब्रेरी ग्राउंड में राष्ट्रीय कवि सम्मेलन और मुशायरे का आयोजन किया गया। गुरुवार को इस कार्यक्रम में शामिल होने भोपाल पहुंचे राज्यसभा सांसद और प्रसिद्ध शायर इमरान प्रतापगढ़ी ने मीडिया से बातचीत के दौरान भारतीय जनता पार्टी के लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ आंदोलन पर जमकर निशाना साधा।
भाजपा के आंदोलन पर सवाल उठाते हुए इमरान प्रतापगढ़ी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी को अराजकता की असली परिभाषा समझनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अराजकता तब होती है जब सत्ता में रहते हुए जनता का वोट लूट लिया जाए और चुनाव आयोग की मदद से सरकार चलाई जाए। पेपर लीक के खिलाफ अपने अधिकार मांगने वाले छात्रों पर पैलेट गन चलाना, विपक्ष की आवाज को कुचलना और संसद सत्र के दौरान देश के प्रधानमंत्री और गृह मंत्री का संसद में न आना ही असली अराजकता है।
शांतिपूर्ण प्रदर्शन को अराजकता कहना गलत
विपक्ष के प्रदर्शनों का बचाव करते हुए प्रतापगढ़ी ने कहा कि जब विपक्ष लाखों लोगों के साथ पूरी तरह से शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें रख रहा है और कहीं भी हिंसा या झड़प नहीं हो रही है तो इसमें अराजकता कहां से आ गई। उन्होंने कहा कि सरकार शांतिपूर्ण सत्याग्रह को कुचलने की कोशिश कर रही है। महात्मा गांधी ने भी अंग्रेजों के खिलाफ सत्याग्रह किया था, तब अंग्रेजों ने भी उसे अराजकता ही कहा होगा। भाजपा को इस तरह की झूठी परिभाषाएं गढना बंद करना चाहिए।
पीएम मोदी स्वीकार करें राहुल गांधी का डिबेट चैलेंज
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के बीच खुली बहस की चुनौती पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को राहुल गांधी की चुनौती स्वीकार करनी चाहिए। राहुल गांधी ने साफ कहा है कि प्रधानमंत्री अपनी पसंद की जगहए मंच और जज खुद तय कर लें। नेता प्रतिपक्ष और प्रधानमंत्री लगभग समकक्ष होते हैं, इसलिए प्रधानमंत्री को सामने आकर बहस करनी चाहिए और यह बताना चाहिए कि देश में 13 करोड़ से अधिक वोट कैसे काटे गए। उन्होंने सवाल उठाया कि जब चुनाव आयोग के प्रमुख पर सवाल उठते हैं तो भाजपा के केंद्रीय मंत्री उनका बचाव करने आगे क्यों आते हैं।
रैली की भीड़ पर बोले, यह राहुल गांधी की ताकत है
एसआईआर को लेकर राहुल गांधी की रैली में आई भीड़ के आंकड़ों पर भाजपा नेताओं की बयानबाजी पर तंज कसते हुए प्रतापगढ़ी ने कहा कि भाजपा नेता रैली की कुर्सियां गिनने में लगे हुए थे। उन्होंने कहा कि सबसे अच्छी बात यह है कि कल तक जो प्रधानमंत्री कहते थे कौन राहुल, आज वही और उनकी पार्टी राहुल गांधी की रैली में आई भीड़ गिनने पर मजबूर हो गए हैं। यही राहुल गांधी की असली राजनीतिक ताकत है।



