बंदूक छोड़ कलम थामेंगे युवा…

भोपाल। मध्य प्रदेश पुलिस द्वारा संवेदनशील वर्गों को मुख्यधारा से जोडऩे के लिए किए जा रहे प्रयास धरातल पर रंग ला रहे हैं। इसी कड़ी में बुरहानपुर पुलिस द्वारा संचालित परिवर्तन मुहिम प्रदेशभर में एक प्रेरणादायी मॉडल बनकर उभरी है। यह अभियान अवैध हथियारों के निर्माण के लिए बदनाम सिकलीगर समाज के युवाओं को अपराध की दुनिया से बाहर निकालकर शिक्षा, जागरूकता और सम्मानजनक रोजगार से जोडऩे का एक प्रभावी जरिया बन चुका है।
पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी के निर्देशन और एएसपी अंतरसिंह कनेश के मार्गदर्शन में पुलिस द्वारा गांवों, स्कूलों और गुरुद्वारों में लगातार चौपाल लगाकर संवाद किया जा रहा है। खकनार थाना प्रभारी निरीक्षक अभिषेक जाधव और उनकी टीम युवाओं को समझा रही है कि सुरक्षित भविष्य का रास्ता आत्मनिर्भरता से गुजरता है न कि अपराध से। इसी का नतीजा है कि परिवर्तन मुहिम के तहत 4 युवाओं को जिओ कंपनी में रोजगार दिलाया गया है, जबकि अन्य युवाओं को उनकी योग्यता के अनुसार काम दिलाने के प्रयास जारी हैं।
हथियार नेटवर्क की तोड़ी कमर
सामाजिक सुधार के साथ-साथ बुरहानपुर पुलिस अपराधियों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति पर भी सख्ती से काम कर रही है। वर्ष 2024 से 2026 के बीच खकनार पुलिस ने अवैध हथियार निर्माण और तस्करी के खिलाफ रिकॉर्ड 27 मामले दर्ज किए हैं। इस दौरान 66 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया और उनके कब्जे से 151 अवैध देशी पिस्टल सहित भारी मात्रा में हथियार बनाने की सामग्री जब्त की गई। यह पिछले दो दशकों में पुलिस की सबसे बड़ी कार्रवाई है।



