मप्र पुलिस ने किया लाल सलाम को आखरी सलाम: सीएम डॉ. यादव

भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को बालाघाट पुलिस लाइन में आयोजित अलंकरण समारोह में प्रदेश को नक्सल मुक्त घोषित करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश की धरती से अब लाल सलाम का अंत हो चुका है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर नक्सल मुठभेड़ों में अदम्य साहस दिखाने वाले 60 जांबाज जवानों को क्रम से पूर्व पदोन्नति प्रदान की और शहीद जवानों को अमर जवान ज्योति पर श्रद्धांजलि अर्पित की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में देशभर में नक्सलवाद के विरुद्ध माहौल बना है। बालाघाट, जिसने पूर्व में पूर्व मंत्री लिखीराम कावरे की हत्या जैसा दंश झेला था, आज हॉक फोर्स और पुलिस की वीरता से उस आतंक से मुक्त है। डॉ. यादव ने बताया कि वर्ष 2025 में पुलिस ने अब तक के 10 सबसे खूंखार नक्सलियों को ढेर किया है। मुख्यमंत्री ने चेतावनी दी कि भविष्य में यदि किसी ने फिर पैर जमाने की कोशिश की तो उसे कड़ा जवाब दिया जाएगा।
विकास का शंखनाद और कृषि कैबिनेट
सीएम ने घोषणा की कि जिस बालाघाट में कभी बंदूकें गूंजती थीं, अब वहां रोजगार और शिक्षा का शंखनाद होगा। उन्होंने इस वर्ष को कृषक कल्याण वर्ष बताते हुए घोषणा की कि अगली कृषि कैबिनेट बालाघाट में आयोजित की जाएगी। इसके साथ ही नक्सल प्रभावित 250 स्कूलों का नवीनीकरण किया गया है।
डिजिटल और प्रशासनिक उपलब्धिया
आईएसओ सर्टिफिकेशन: जिले के 32 पुलिस थानों और शासकीय कार्यालयों को मिले आईएसओ प्रमाण पत्र का लोकार्पण किया।
नक्सल संस्मरण: नक्सल विरोधी अभियानों पर आधारित पुस्तिका का विमोचन किया।
शहीदों को नमन: अभियान में सर्वोच्च बलिदान देने वाले 38 पुलिस जवानों और 27 नागरिकों को याद किया।
कार्यक्रम में प्रभारी मंत्री उदय प्रताप सिंह, एडीजी वेंकटेश्वर राव और एसपी आदित्य मिश्रा सहित कई जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। पदोन्नत हुए जवानों में उप निरीक्षक से लेकर आरक्षक स्तर के जांबाज शामिल थे, जिन्होंने दुर्गम जंगलों में नक्सलियों को घुटने टेकने पर मजबूर किया।



